24 May अप्रैल के कृषि कार्य
Agricultural work to be carried out in the month of April मूंग: इस समय मूंग की फसल में 10 दिन के अन्तराल पर सिंचाई करें। मूंग की फलियां यदि हल्के भूरे रगं की हो गयी हैं तो समझें की फसल पक कर तैयार है। गेंहूॅ: अनाज के भण्डारण से पहले गेंहूॅ को अच्छी तरह सुखा लें जिससे उसमें नमी बाकी ना रहे। सब्जियॉं : भिण्डी व टमाटर की फसल को छेदक सूंडी के प्रकोप से बचाने के लिए 0.1 प्रतिशत टोपास या कैलिक्सिन (400- 500 मि.लि./ 1000 लिटर पानी के हिसाब से) का छिडकाव खडी फसल में कर दें। फल मक्खी के नियंत्रण के लिए मिथाइल यूजिनोल के फेरोमोन ट्रैप का प्रयोग करें। कद्दू वर्गीय फसले: कद्दू वर्गीय फसलों में कीट नियंत्रण के लिए यलो स्टिकी ट्रैप , 20 से 25 प्रति हैक्टेयर के हिसाब से लगाऐं। कद्दू एवं चप्पन कद्दू में फूल आने पर 1 प्रतिशत यूरिया के घोल का छिडकाव करें। खरपतवार से बचाव के लिए निराई गुडाई करें। तापमान बढने पर आवश्यकतानुसार सिंचाई करें। यदि बेल बढ गयी है तो सहारा लगा दें एवं मचान बना दें। फल वाली फसलें: आम के पेडों में इस समय फल गिरने लगता है। इसके बचाव के लिए 20 पी.पी.एम. की दर से नैफथलीन एसिटिक एसिड का छिडकाव करें। आम, अंगूर व अमरूद के बाग में जिकं, कॉपर, मैंगनीज, लौहा व बोरॉन के सूक्ष्म पोषक तत्वों का...