articles Categories

धान की खेती के बाद परती क्षेत्रों में जल प्रबंधन की तकनीकें

एशिया में सिंचाई वाले धान के लिए आमतौर पर लगभग 1300-1500 मिलीमीटर पानी की आवश्यकता होती है। सिंचाई वाले धान की खेती में दुनिया के कुल सिंचाई जल का अनुमानित...

यूरिया, DAP और NPK में क्या अंतर है? किसानों के लिए पूरी जानकारी

खेत में fertilizer का सही और संतुलित उपयोग crop growth के लिए महत्वपूर्ण है। खेती में अच्छी फसल के लिए केवल अच्छी quality का seed ही पर्याप्त नहीं होता। पौधों...

संतुलित उर्वरक उपयोग एवं प्राकृतिक खेती पर आधारित किसानों हेतु तैयार-प्रयोग मार्गदर्शिका

भूमिका मृदा स्वास्थ्य कृषि उत्पादन की आधारशिला है। स्वस्थ मिट्टी ही लंबे समय तक टिकाऊ उत्पादन, बेहतर गुणवत्ता और कम लागत वाली खेती सुनिश्चित करती है। आज की कृषि व्यवस्था...

ग्राम स्तर पर औषधीय उत्पादों के विपणन की संभावनाएं और चुनौतियां

औषधीय फसलों और उत्पादों का उत्पादन एवं विपणन ग्राम स्तर पर ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने, किसानों की आय बढ़ाने तथा स्वास्थ्य सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपार संभावनाएँ रखता है।...

आलू पुटी कृमि (पीसीएन) से संक्रमित आलू के बीज कंदों का परिशोधन और हिमालयी क्षेत्र में बीज उत्पादन और आपूर्ति श्रृंखला की बहाली

आलू पुटी कृमि (पीसीएन) एक महत्वपूर्ण कीट है जो दुनिया भर में आलू (सोलनम ट्यूबरोसम) की फसलों को प्रभावित करता है इसमें दो प्रजातियां शामिल हैं: ग्लोबोडेरा रोस्टोचिएन्सिस (पैथोटाइप Ro1...

पोषण और क्षेत्र-आधारित लचीलापन के लिए लिंग उत्तरदायी प्राकृतिक खेती

प्राकृतिक खेती केवल एक तकनीकी हस्तक्षेप नहीं है, बल्कि यह एक सामुदायिक-संलग्न अभ्यास है। महिलाओं की भूमिका बायो-इनपुट तैयार करना, बीज प्रबंधन, कंपोस्टिंग और फसल विविधता बनाए रखना जैसी प्रमुख...

पारम्परिक तरीके से आलू की खुदाई एवं भंडारण

पारम्परिक तरीके से आलू की खुदाई एवं भंडारण भारतीय कृषि की एक सशक्त और मूल्यवान विरासत है। यदि इन विधियों को आधुनिक वैज्ञानिक समझ के साथ समन्वित किया जाए, तो...

भारत में विभिन्न फसलों के लिए सही ट्रैक्टर कैसे चुनें

सही ट्रैक्टर चुनना मुश्किल नहीं है; बस आपको अपनी फसल, ज़मीन और ज़रूरतों को समझना होगा। जल्दबाजी में फैसले न लें। सही ट्रैक्टर आपकी मेहनत कम करेगा, काम में तेज़ी...

कृषि का पुनर्जागरण: जलवायु परिवर्तन के दौर में कृषि की नई रणनीति

उच्च-इनपुट खेती के आकर्षण से कुछ समय तक लाभ हो सकता है, पर स्थायी आजीविका वहीं है जो मिट्टी को बचाकर रखे। आज समझदारी इसी में है की हम मिट्टी...

सफल ऊंट पालन में सूक्ष्म जीवों की भूमिका

सूक्ष्मजीव ऊंट के भोजन को पचाने में मददगार होते हैं। ऊंट कठिन, रेशेदार वनस्पतियां जैसे कंटीली झाड़ियाँ, सूखी घास, नमकयुक्त पौधे, वृक्ष की छाल, और सूखा चारा खाते हैं। इन...

Popular Articles