30 Sep आम की रंगीन किस्मों के माध्यम से आर्थिक समृद्धि एवं पोषण सुरक्षा
आम की रंगीन किस्मों की विशेषताएं, उत्पादन, फल का रंग, मिठास, भंडारण क्षमता और खेती की जानकारी जानें। पूसा, अर्का और अन्य उन्नत किस्मों की जानकारी।...
आम की रंगीन किस्मों की विशेषताएं, उत्पादन, फल का रंग, मिठास, भंडारण क्षमता और खेती की जानकारी जानें। पूसा, अर्का और अन्य उन्नत किस्मों की जानकारी।...
आम की प्रजातियॉं किस्म विकास औसत उपज विशेषताऐं। मल्लिका Mallika भा.कृ.अनु.सं. 18 से 20 कि.ग्रा. प्रति वृक्ष (दसवें वर्ष में) यह किस्म 1971 में सम्पूर्ण भारत के लिए अनुमादित की गई। विश्व में पहली बार व्यवसायिक उत्पादन के लिए विमोचित संकर किस्म, नियमित फलन एवं मध्य औजस्वी, बडे फल (307 ग्राम) स्वादिष्ट (24 डिग्री ब्रिक्स) रेशारहित एवं सुगंधित। फल पकने का समय जुलाई का तीसरा सम्ताह, प्रसंस्करण व निर्यात हेतू उपयुक्त यह किस्म पूवौतर दक्षिण व तटीय भारत के लिए अति उत्तम है। आम्रपाली Aamrpali भा.कृ.अनु.सं. 15 से 20 कि.ग्रा. प्रति वृक्ष (दसवें वर्ष में) यह किस्म 1979 में सम्पूर्ण भारत के लिए अनुमादित की गई। यह नियमित, बौनी तथा शीघ्र फलत में आने वाली संकर किस्म है। फल पकने का समय जुलाई का तीसरा सप्तह। फल मध्यम (120-160 ग्रा) स्वादिष्ट (22.8डिग्री ब्रिक्स) रेशा रहीत एव्र बीटा केरोटीन (16830 माईक्रोगाम प्रति 100 ग्राम गूदा) से परिपूर्ण । यह सघन बागवानी के लिए उपयक्त किस्म है। पूसा अरूणिमा Pusa Arunima भा.कृ.अनु.सं. 12 से 15 कि.ग्रा. प्रति वृक्ष (दसवें वर्ष में) यह किस्म 2002 में सम्पूर्ण भारत के लिए अनुमादित की गई। नियमित फलन एवं मध्य ओजस्बी। पौध लगाने की दूरी (6 x 6मी.) फल पकने का समय जून के अन्त से जुलाई का प्रथम सप्ताह। फल मध्यम (230 से 250 ग्राम) आकर्षक लाल रंग मघ्यम मिठास (19.5 डिग्री बिक्स) घरेलू एवं अन्तर्राष्ट्रीय बाजार हेतु उपयुक्त पकने के बाद 10 से...